सदक़ा तुम पर हूँ दिल-ओ-जां आमिना
तुम ने बख़्शा हम को ईमां आमिना
जो मिला जिस को मिला तुम से मिला
दीन-ओ-ईमां, इल्म-ओ-इरफ़ान आमिना
कुल जहां की माएं हों तुम पर फ़िदा
तुम मुहम्मद की बनीं मां आमिना
इब्न-ए-मरयम वाक़ई रब के रसूल
पर मुहम्मद की बड़ी शान आमिना
जिस शिकम में मुस्तफ़ा हों जा-गज़ीं
अर्श-ए-आज़म से है ज़ीशान आमिना
तुम से ईमां-ओ-अमानत और अमन
तुम से फ़ैज़ान तुम से इरफ़ान आमिना
आमिना के तीन मअने बिल-यक़ीन
बा-अमानत अमन-ओ-ईमां आमिना
तुम से अल्लाह-ओ-मुहम्मद हैं अयां
नूर, हुदा है तुम में पिन्हां आमिना
हम हैं मोमिन और तुम ईमान बख़्श
चश्मा-ए-दीं तुम से रवां आमना
तेरी तुर्बत का मुजावर मैं बनूं
फिर निकालूं दिल के अरमां आमना
महबत-ए-क़ुरआं नबी हैं और तुम
हो नबी की मोहतरम मां आमना
है ये सालिक आप के दर का फ़क़ीर
मांगता है अम्न-ओ-ईमां आमना